भ्रष्टाचार में लिप्त उरई नगर पालिका ठेकेदार टेण्डर लेने के बाद भी काम कराने में कोताही वरत रहे - Bharat News Nation 24

Bharat News Nation 24

हर खबर पर नज़र

Breaking news

Friday, 26 March 2021

भ्रष्टाचार में लिप्त उरई नगर पालिका ठेकेदार टेण्डर लेने के बाद भी काम कराने में कोताही वरत रहे

उरई जालौन------:( रिपोर्ट -अतुल शास्त्री भारत News Nation 24)उत्तर प्रदेश बुंदेलखंड जनपद जालौन के मुख्यालय उरई नगर पालिका परिषद में वर्तमान समय में विकास कार्यों के नाम पर उलट गंगा बह रही है। ठेकेदार टेण्डर लेने के बाद भी काम कराने में कोताही बरत कर अपने स्वेच्छाचारिता का उदाहरण पेश कर रहे हैं। तो वहीं ठेकेदार की लापरवाही से समय से मंशापूरन हनुमान मंदिर के समीप मुख्य सड़क पर रेलिंग न लगाये जाने से एक वृद्ध की मौत का जिम्मेदार किसे माना जाये नगर पालिका या ठेकेदार को। इस बात की चर्चायें नगर के जनमानस के बीच चल रही है। हैरानी की बात तो यह है कि ऐसे मामलों में जिम्मेदारों का मुंह खुलना तो दूर की बात उन्होंने घटना स्थल तक पहुंचना भी अब तक जरूरी नहीं समझा। यदि ठेकेदार ने समय से कार्य नहीं कराया तो उसकी फर्म के विरुद्ध अब तक क्या कार्यवाही अमल में लायी गयी उसका जबाब पालिका के जिम्मेदारों को नगर की जनता को देना चाहिए।
नगर पालिका परिषद उरई दफ्तर की मानंे तो मंशा पूरन हनुमान मंदिर की मुख्य सड़क पर रेलिंग लगाने का टेण्डर पालिका की चर्चित फर्म एमएस कुरैशी कंट्रैक्शन के नाम टेण्डर हुआ था। लेकिन उक्त कंपनी के ठेकेदार द्वारा एक वर्ष निकल जाने के बाद भी रेलिंग लगाने का कार्य नहीं कराया। इसी दौरान बीते सप्ताह एक ई-रिक्शा उसी स्थान पर असंतुलित होकर पलट कर मंदिर जाने वाली रास्ते जो मुख्य सड़क से सात से आठ फिट गहरी है वहां गिर जाता है जिसमें वृद्ध गफूर खां पुत्र मुहम्मद खां निवासी ऐर की दुखद मौत हो जाती है और कुंजबिहारी पुत्र परशुराम व रिक्शा चालक समीर पुत्र शुभरात्रि घायल हो गया था। लेकिन दुर्भाग्यपूर्ण बात यह है कि उक्त हादसे के बाद नगर पालिका परिषद उरई के जिम्मेदारों ने मौके पर पहुंचना भी जरूरी नहीं समझा। सवाल यह उठता है कि यदि एमएस कुरैशी कंट्रैक्शन एक वर्ष पूर्व रेलिंग का कार्य करा देती है तो एक वृद्ध व्यक्ति की जान असमय न जाती। जानकारी तो यहां तक मिली है कि एमएस कुरैशी फर्म नगर पालिका उरई में काम हथियाने के मामले में नंबर वन पर खड़ी नजर आ रही हैं। ऐसी स्थिति में ठेकेदार की लापरवाही से एक वृद्ध की मौत का जिम्मेदार किसे माना जाये नगर पालिका परिषद उरई या फिर स्वेच्छाचारी फर्म को। वृद्ध की दुर्घटना में हुई मौत के मामले का जिला प्रशासन को संज्ञान लेकर लापरवाही बरतने वाली फर्म के कथित कर्ताधर्ताओं के विरुद्ध हत्या का मामला दर्ज कराकर पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता दिलायी जाये।

No comments:

Post a Comment

Pages